कृषि उपसंचालक के द्वारा जो जिले के समस्त व्यापरियों का लाईसेंस जिले मे ही खाद, बीज, दवाई , बायो फर्टिलाईजर, बायो पेस्टिसाईड का व्यापार करने हेतु बनाया जाता है । उसके बाद भी बायो फर्टिलाईजर, बायो पेस्टिसाईड कंपनी वालों के नाम मात्र दिखावे के लिए कृषि विभगा का लाईसेंस लिया जाता है
उसके बाद कंपनी वाले भी गाँव-गाँव में अपने लड़कों के माध्यम से दिन में किसानों से ऑर्डर लेकर आते है उसके बाद वही कंपनी के लड़कों द्वारा किसानों को रात में दवाई छोड़कर आते है जिससे कि जिले के लाईसेंसधारी दुकानदार की दुकानदारी नहीं होने के कारण व्यापारी बंधु आक्रोश मे है ।
जिले में इन दिनों कृषि से जुड़े बायो फर्टिलाइजर, बायोपेस्टिसाइड, फंगीसाइड एवं झाइम जैसे उत्पादों की अवैध बिक्री का मामला सामने आ रहा है। जानकारी के अनुसार, उक्त कंपनी छत्तीसगढ़ के बिलासपुर संभाग से जुड़े लोगों के द्वारा गांव-गांव घूमकर सीधे किसानों को ये उत्पाद बेच रहे हैं।
बताया जा रहा है कि इन कंपनियों के पास स्थायी दुकान या अधिकृत विक्रय केंद्र एवं घूम घूम कर बेचने का लाइसेंस नहीं है, इसके बावजूद वे लंबे समय से जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में खुलेआम व्यापार कर रहे हैं। नियमों के अनुसार, खाद, बीज और कीटनाशक दवाओं बायो फर्टिलाईजर, बायो पेस्टिसाईड की बिक्री केवल लाइसेंसधारी दुकानों के माध्यम से ही की जानी चाहिए।
इस अवैध गतिविधि से जिले के लाइसेंस प्राप्त दुकानदारों में भारी नाराजगी है। उनका कहना है कि वे शासन के नियमों का पालन करते हुए टैक्स और अन्य शुल्क जमा करते हैं, जबकि बिना लाइसेंस वाले लोग सीधे गांवों में जाकर सस्ता या बिना बिल के सामान बेचकर लाईसेंसधारी दुकानदारों का व्यापार को प्रभावित कर रहे हैं।
इस संबंध में कई बार कृषि विभाग को भी पूर्व में शिकायत की गई, लेकिन अब तक संबंधित बायो कंपनी पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। इससे दिन पर दिन अवैध कारोबार करने वाले जैसे खाद, बीज और कीटनाशक दवाओं बायो फर्टिलाईजर, बायो पेस्टिसाईड कंपनी के हौसले बुलंद हो रहे हैं।
किसानों के लिए भी यह चिंता का विषय है, क्योंकि बिना प्रमाणित और बिना निगरानी के बेचे जा रहे उत्पादों की गुणवत्ता पर सवाल उठ रहे हैं, जिससे फसल को नुकसान होने की संभावना बनी रहती है।
मांगें:
जिले में अवैध रूप से घूम-घूमकर बिक्री करने वालों पर तत्काल कार्रवाई हो
केवल लाइसेंसधारी दुकानों से ही कृषि उत्पादों की बिक्री सुनिश्चित की जाए
किसानों को जागरूक किया जाए कि वे प्रमाणित दुकानों से ही सामग्री खरीदें
कोटवार के माध्यम से गाँव गाँव मे मुनादी करवाना चाहिए कि गाँव में जो कोई भी कंपनी वाले घूम-घूम कर बायो खाद, कीटनाशक जैसे दवा बेच रहे है उन पर तत्काल बिक्री पर रोक लगाया जाये ।
बायो कंपनी वाले के द्वारा गाँव गाँव में जो भी बायो कीटनाशक, फंगीसाईड, झाईम घूम-घूम कर बेच रहे है उन सभी बायो प्रोडक्ट का लेबोरेट्री टेस्ट होना चाहिए ।
यदि समय रहते इस पर रोक नहीं लगाई गई, तो न केवल लाइसेंसी व्यापारियों का नुकसान होगा, बल्कि किसानों की फसल और आय पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है।
CG Janmanch